गाज़ियाबाद में लगी भीषण आग से PETA इंडिया द्वारा पशुओं को बचाया गया
16 अप्रैल को गाज़ियाबाद में लगी भीषण आग की सूचना मिलते ही, PETA इंडिया की रैपिड रिस्पॉन्स टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची ताकि संकट में फंसे पशुओं को ढूंढा जा सके और उन्हें तुरंत चिकित्सा देखभाल दी जा सके। आग तेजी से घनी आबादी वाले क्षेत्र में फैल गई।
ऑपरेशन के दौरान, PETA के राहतकर्मियों ने लगभग 35 से 40 कुत्तों और दो बिल्लियों को खोजा उन्हें भोजन और पानी उपलब्ध कराया, पशुओं की चोटों और सदमे की जांच की, घाव वाले पशुओं का इलाज किया, और निर्जलीकरण (dehydration) व तनाव के लिए सहायता व देखभाल प्रदान की। जिन पशुओं को अधिक गंभीर चोटें थीं, उन्हें अन्य संस्थाओं द्वारा अस्पताल में भर्ती कराया गया।
आग के दौरान पशु जल सकते हैं, निर्जलित हो सकते हैं, भ्रमित हो सकते हैं, खो सकते हैं या इतने डरे हुए हो सकते हैं कि हिल भी न सकें। उन्हें तुरंत इलाज और पानी, भोजन और जलन से देखभाल जैसी मूलभूत चीजें उनके जीवन और मृत्यु के बीच बड़ा अंतर कर सकती हैं, इसलिए उन्हें तुरंत ढूंढकर समय पर मदद पहुंचनी जरूरी है।
हम आग्रह करते है कि जो कोई भी ऐसे पशुओं को देखें जिन्हें तुरंत इलाज या सहायता की आवश्यकता है खासकर ऐसे पशु जो घायल या चोटिल हैं, सुस्त हैं या सांस लेने में संघर्ष कर रहे हैं, तो उन्हें तुरंत पशु-चिकित्सा सहायता दें क्योंकि जलन और धुएं का असर तेजी से स्वास्थ्य को खराब कर सकता है।
PETA इंडिया सलाह देता है, यदि आप किसी जरूरतमंद पशु को देखें:
- यदि सुरक्षित हो, तो उसे धुएं और गर्मी से दूर ले जाएं।
- उसे साफ पानी दें (जबरदस्ती पानी न पिलाएं)।
- यदि जलन दिखाई दे, और संभव हो, तो साफ, ठंडे पानी से धीरे-धीरे ठंडक दें।
- जितनी जल्दी हो सके पशु-चिकित्सा देखभाल प्राप्त करें।
PETA इंडिया 24/7 पशु आपातकालीन हेल्पलाइन भी संचालित करता है जिसके लिए 9820122602 पर कॉल करके सामुदायिक पशुओं की आपात स्थिति हेतु सहायता एवं मार्ग दर्शन प्राप्त किया जा सकता है।
हम लोगों से अपील करते हैं कि हमारी वेबसाईट PETAIndia.com पर वो PETA इंडिया के सदस्य बनकर पशु राहत और बचाव प्रयासों में हमारी मदद करें।
आज ही PETA इंडिया के सदस्य बनें संकट में फसे पशुओं की मदद करें




