अमरोहा में जंगली सूअरों के शिकार का वीडियो सामने आने पर PETA इंडिया की शिकायत के बाद FIR दर्ज
इंस्टाग्राम अकाउंट abhishekp2028 पर अमरोहा में एक जंगली सुअर का शिकार करने वाले वीडियो के सामने आने के बाद PETA इंडिया ने उत्तर प्रदेश वन विभाग के अमरोहा वन प्रभाग के साथ मिलकर आरोपी के खिलाफ FIR दर्ज करवाई है। वायरल हुए वीडिओ में जंगली सूअरों (जो कि वाइल्ड लाइफ (प्रोटेक्शन) एक्ट, 1972 की अनुसूची II के तहत संरक्षित प्रजाति हैं) का शिकार करने के बाद हत्या दिखाई गई थी।
वीडियो में आरोपी डरे सहमे जंगली सूअरों को सोशल मीडिया लाइक्स के लिए परेशान करते हुए दिख रहा है। इन जंगली सूअरों के पैर बांधे गए हैं। आरोपी एक वाहन के पीछे कई पकड़े गए जंगली सूअरों के साथ बैठा हुआ भी दिख रहा है, जिन्हें संभवतः अवैध रूप से काटने (वध) के लिए बूचड़खाने ले जाया जा रहा था।
PETA इंडिया द्वारा दी गई शिकायत के बाद, अमरोहा वन प्रभाग ने अमरोहा पुलिस के साथ मिलकर आरोपी के खिलाफ वाइल्ड लाइफ (प्रोटेक्शन) एक्ट, 1972 की धाराओं 2, 9, 39, 50 और 51 के तहत FIR दर्ज करवाई। इस कानून की अनुसूची II में संरक्षित प्रजातियों के खिलाफ अपराध करने पर अधिकतम 3 साल की जेल, ₹1 लाख तक का जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं।
PETA इंडिया यह भी सुझाव देता है कि पशुओं के साथ अत्याचार करने वालों का मनोवैज्ञानिक परीक्षण (साइकेट्रिक इवैल्यूएशन) कराया जाए और उन्हें काउंसलिंग दी जाए, क्योंकि पशुओं के साथ हिंसा गहरी मानसिक समस्या का संकेत हो सकती है। शोध से पता चलता है कि जो लोग पशुओं के साथ क्रूरता करते हैं, वे अक्सर दोबारा ऐसा करते हैं और आगे चलकर अन्य पशुओं या इंसानों को भी नुकसान पहुंचा सकते हैं। Forensic Research & Criminology International Journal में प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, “जो लोग पशुओं के साथ क्रूरता करते हैं, उनके अन्य अपराध (जैसे हत्या, बलात्कार, लूट, हमला, धमकी और नशे से जुड़े अपराध) करने की संभावना तीन गुना अधिक होती है।”
पशुओं का शोषण और उन पर क्रूरता करने वालों के लिए कठोर दंड की मांग करें पशु क्रूरता कि रिपोर्ट करें
